इच्छा तो कुछ और लिखने की थी लेकिन लिख कुछ और रहा हूँ। एक बेहद शर्मनाक खबर है। अपनी इस पोस्ट का शीर्षक मैं वहीं से लेकर इस्तेमाल कर रहा हूँ।
खबर यहाँ है , विस्तार से पढिए। हमारी सरकार ने भगतसिंह जैसों के लिए तो पहले ही अंग्रेजी में टेरोरिस्ट शब्द किताबों में लिखवाया है। उग्रवादी या आतंकवादी तो पहले से भगतसिंह को घोषित किया गया है। आई सी एस ई और सी बी एस ई बोर्ड तो हैं ही देश को नीचे ले जाने के लिए। इन बोर्डों के भक्तजनों को दुख पहुँचना लाजमी है। उनसे माफी नहीं मांगूंगा क्योंकि अपनी किताब में भी इनकी आलोचना की है। एक अच्छा पक्ष दिखाकर बोर्ड को बहुत अच्छा साबित करनेवाले भाई लोग यहाँ बयानबाजी न करें।