बाल दिवस यानी चौदह नवम्बर के पहले जवाहर लाल नेहरु के खिलाफ़ भाई विश्वजीत सिंह जी ने एक लेख लिखा है। इन दिनों बहस का इरादा भी नहीं है मेरा, इसलिए यहाँ इस लेख को प्रस्तुत करने के बाद मैं किसी बहस में पड़ना भी नहीं चाहता। एक अक्तूबर को ही यह लेख मैंने टंकित कर लिया था। संयोग से विश्वजीत भाई ने याद दिला दिया, सो आज यहाँ लगा रहा हूँ। इसे ‘भगतसिंह के सम्पूर्ण दस्तावेज, सम्पादक - चमनलाल’ से लिया है। नेहरु के प्रति भगतसिंह के विचारों से मतभेद हो सकता है क्योंकि नेहरु भी 1928 में जो थे या रहे थे, वही नेहरु तो 1947 या 1962 में नहीं रहे होंगे।
नए नेताओं के अलग-अलग विचार
[जुलाई, 1928 के ‘किरती’ में छपे इस लेख में भगतसिंह ने सुभाषचन्द्र बोस और जवाहरलाल नेहरू के विचारों की तुलना की है।]